चाईबासा:आज दिनांक 10 जनवरी 2026 को पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) की अध्यक्षता में SSP कार्यालय के सभागार में ग्रामीण क्षेत्र के सभी पुलिस उपाधीक्षक, पुलिस निरीक्षक एवं थाना प्रभारियों के साथ मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों की कानून-व्यवस्था एवं अपराध नियंत्रण की विस्तृत समीक्षा की गई।
गोष्ठी में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार जनवरी 2024–दिसंबर 2024 की तुलना में जनवरी 2025–दिसंबर 2025 के दौरान दर्ज आपराधिक मामलों में लगभग 10 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण ने इसे नियमित समीक्षा, सक्रिय पुलिसिंग और समयबद्ध कार्रवाई का सकारात्मक परिणाम बताया। साथ ही वर्ष 2026 में अपराध नियंत्रण को और सुदृढ़ करने का संकल्प दोहराया गया।
बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक ग्रामीण ने लंबित कांडों, वारंटों एवं कुर्की मामलों के शीघ्र निष्पादन पर विशेष जोर दिया। इसके अलावा पासपोर्ट एवं चरित्र सत्यापन के मामलों को समय पर निपटाने, फरार अभियुक्तों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई, तथा अवैध मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री पर कड़ी छापेमारी के निर्देश दिए गए।
उन्होंने चोरी की घटनाओं पर रोक, तकनीकी संसाधनों के बेहतर उपयोग तथा CCTNS, ITSSO, iRAD, ICJS और JOFS जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म के प्रभावी संचालन को भी प्राथमिकता देने को कहा। सभी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया कि वे तकनीक आधारित जांच, बेहतर समन्वय और जनसहभागिता के माध्यम से अपराध नियंत्रण को और मजबूत करें।
पुलिस अधीक्षक ग्रामीण ने स्पष्ट किया कि जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और अपराध पर नियंत्रण के लिए पुलिस हर स्तर पर सख्ती और संवेदनशीलता दोनों के साथ कार्य करेगी।














