नई दिल्ली : केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने आज भारत न्यूट्रावर्स एक्सपो 2025 को संबोधित करते हुए कहा कि हाल ही में घोषित जीएसटी सुधार व्यवसाय के लिए परिवर्तनकारी साबित होंगे। उन्होंने कहा कि न्यूट्रास्युटिकल्स उद्योग इन सुधारों का सबसे बड़ा लाभार्थी होगा।
श्री गोयल ने कहा कि जीएसटी दरों में कमी से उपभोक्ताओं की मांग बढ़ेगी, बिक्री में वृद्धि होगी और इससे उद्योग तथा उपभोक्ता दोनों को लाभ मिलेगा। उन्होंने जोर दिया कि व्यवसाय जगत को उपभोक्ताओं तक इन दर कटौतियों का पूरा फायदा पहुँचाना चाहिए।
प्रधानमंत्री को धन्यवाद और सुधारों पर टिप्पणी
श्री गोयल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री ने जीएसटी से जुड़ी “बड़ी और अच्छी खबर” की घोषणा की थी। अब यह सुधार त्योहारों से पहले देश को एक तोहफा है। उन्होंने कहा कि किसी को भी उम्मीद नहीं थी कि उपभोक्ताओं के लिए इतने बड़े पैमाने पर उत्पादों, वस्तुओं और सेवाओं को शामिल कर इतनी व्यापक राहत दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि नए ढांचे में कई श्रेणियों पर जीएसटी घटाकर 5% कर दिया गया है। इससे वस्तुएँ सस्ती होंगी, खपत बढ़ेगी और उद्योगों की वृद्धि तेज होगी।
दो बड़ी प्रतिबद्धताएँ – उपभोक्ता और स्वदेशी
श्री गोयल ने उद्योग जगत से दो बातों पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया –
- जीएसटी कटौती से हुई बचत का पूरा लाभ उपभोक्ताओं तक पहुँचाना।
- भारतीय उत्पादों को बढ़ावा देना और स्वदेशी को प्राथमिकता देना।
उन्होंने कहा कि भारतीय मिट्टी और मेहनतकश हाथों से बने उत्पाद केवल आर्थिक मूल्य ही नहीं बल्कि राष्ट्रीय गर्व और आत्मनिर्भरता का प्रतीक हैं।
‘मेक इन इंडिया’ और आर्थिक प्रदर्शन
मंत्री ने कहा कि फर्क इस बात से नहीं पड़ता कि स्वामित्व भारतीय है या विदेशी, असली महत्व इस बात का है कि उत्पाद भारत में बने हों, युवाओं को रोजगार दें और स्थानीय समुदायों के लिए अवसर पैदा करें। उन्होंने कहा कि भारत में निर्मित हर वस्तु 1.4 अरब भारतीयों की आकांक्षाओं को दर्शाती है और “विकसित भारत 2047” की ओर बढ़ते कदम का प्रतीक है।
उन्होंने भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था पर प्रकाश डालते हुए बताया कि पहली तिमाही में जीडीपी वृद्धि 7.8% रही है। वैश्विक उथल-पुथल के बावजूद भारत सबसे तेज़ी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था है और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अगले दो दशकों तक अग्रणी रहेगा।
श्री गोयल ने सरकार की दृष्टि साझा करते हुए कहा कि भारत का जीडीपी 2047 तक 4 ट्रिलियन डॉलर से बढ़कर 30 ट्रिलियन डॉलर तक पहुँचाने का लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ सरकार का नहीं बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है कि वह अमृतकाल की इस यात्रा में योगदान दे।
शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढाँचे पर जोर
उन्होंने कहा कि भारत गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएँ और विश्वस्तरीय बुनियादी ढाँचा विकसित कर हर बच्चे के लिए बेहतर भविष्य बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
स्वास्थ्य और न्यूट्रास्युटिकल्स उद्योग की भूमिका
गोयल ने कहा कि पौष्टिक खाद्य पदार्थों पर आधारित स्वस्थ और मजबूत भारत ही राष्ट्र की प्रगति की कुंजी है। न्यूट्रास्युटिकल्स क्षेत्र किसानों, छोटे और मझोले उद्योगों को सहयोग देने के साथ-साथ भारतीयों के स्वास्थ्य में भी अहम योगदान दे रहा है।
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि –
- हल्दी से स्वस्थ जीवन में बड़ा योगदान मिलता है,
- अदरक कई गुणकारी लाभ देता है,
- प्रोबायोटिक्स युवाओं को प्रोटीन और पोषण प्रदान करने में मदद करते हैं।
प्रधानमंत्री की दृष्टि
श्री गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य है कि हर नागरिक को उच्च गुणवत्ता वाला जीवन, सर्वोत्तम निवारक स्वास्थ्य देखभाल और आधुनिक उपचार सुविधाएँ उपलब्ध हों। साथ ही, शिक्षा और अवसरों की बराबरी देकर हर भारतीय को सम्मानजनक और सुरक्षित जीवन जीने का मौका मिले।
अपने संबोधन के अंत में श्री गोयल ने विश्वास व्यक्त किया कि भारत न्यूट्रावर्स एक्सपो 2025 उद्योग जगत के लिए सुनहरे भविष्य की शुरुआत करेगा और भारत की विकास यात्रा में अहम योगदान देगा।
- PIB दिल्ली













