पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा । अभिहित पदाधिकारी-सह-अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, पश्चिमी सिंहभूम के निर्देश पर आज खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी श्री धनेश्वर हेम्ब्रम ने चाईबासा शहरी क्षेत्र के कई मेडिकल स्टोर्स का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) के दिशा-निर्देशों के अनुपालन की जांच की गई।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि FSSAI के नए आदेश के अनुसार अब किसी भी खाद्य या पेय पदार्थ के ब्रांड या ट्रेडमार्क नाम में “ORS” शब्द का उपयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है। आदेश के मुताबिक, किसी भी खाद्य उत्पाद के लेबल या विज्ञापन में “ORS” शब्द का प्रयोग करना खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 23 और 24 तथा लेबलिंग एवं विज्ञापन उप-नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है।
निरीक्षण के दौरान कुछ दुकानों में “ORS-L” नामक पेय उत्पाद पाए गए, जिन्हें तुरंत दुकानों से हटाने का निर्देश दिया गया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने दुकानदारों को चेतावनी दी कि ऐसे उत्पादों की बिक्री उपभोक्ताओं को भ्रमित कर सकती है, इसलिए भविष्य में इस प्रकार के पेय या खाद्य पदार्थों की बिक्री कानूनी कार्रवाई के दायरे में आएगी।
उन्होंने सभी खाद्य व्यवसाय संचालकों को निर्देश दिया कि वे अपने प्रतिष्ठानों में बेचे जाने वाले सभी खाद्य उत्पादों के लेबल, नाम और ब्रांडिंग की जांच करें और यह सुनिश्चित करें कि कोई भी उत्पाद FSSAI के दिशा-निर्देशों के विपरीत न हो।
मुख्य बिंदु:
- “ORS” शब्द का प्रयोग अब केवल औषधीय घोल (Oral Rehydration Solution) के लिए ही मान्य।
- खाद्य उत्पादों या ड्रिंक ब्रांड में “ORS” नाम का उपयोग प्रतिबंधित।
- उल्लंघन करने वालों पर खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2006 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
- निरीक्षण के दौरान “ORS-L” नामक उत्पादों को दुकानों से हटाया गया।
- दुकानदारों को चेतावनी — उपभोक्ताओं को भ्रमित करने वाले उत्पादों की बिक्री पर सख्त कार्रवाई।
यह अभियान जिले में खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता और उपभोक्ता सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।













