- भिलाई पहाड़ी के पास डिवाइडर से टकराकर पलटी पिकअप वैन, करीब 50 लोग घायल— डॉक्टरों व स्टाफ ने रातभर संभाला मोर्चा
जमशेदपुर | टुसू मेला से लौट रहे लोगों के साथ हुए भीषण सड़क हादसे के बाद एमजीएम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल ने त्वरित कार्रवाई कर एक बार फिर अपनी आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था की मजबूती को साबित किया है। इस सराहनीय कार्य के लिए ह्यूमन वेलफेयर ट्रस्ट एवं सामाजिक संगठनों ने एमजीएम अधीक्षक डॉ. बलराम झा और उनकी टीम को फूलों का गुलदस्ता भेंट कर बधाई व सम्मान दिया।
डिवाइडर से टकराकर पलटी पिकअप वैन, 50 से अधिक घायल
जानकारी के अनुसार एमजीएम थाना क्षेत्र अंतर्गत भिलाई पहाड़ी के पास पिकअप वैन (407) डिवाइडर से टकरा गई, जिसके बाद वाहन पलट गया। इस हादसे में करीब 50 लोग बुरी तरह घायल हो गए। घायलों में मजदूर, महिलाएं एवं बच्चे भी शामिल थे।
घटना के बाद एमजीएम थाना पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल एमजीएम अस्पताल पहुंचाया गया।
अधीक्षक ने संभाली कमान, इमरजेंसी में शुरू हुआ इलाज
इतनी बड़ी संख्या में घायल मरीजों के एक साथ पहुंचने से अस्पताल में अफरा-तफरी की स्थिति बन सकती थी, लेकिन एमजीएम मेडिकल कॉलेज के अधीक्षक डॉ. बलराम झा ने स्थिति को तुरंत नियंत्रण में लेते हुए सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर, पीजी जूनियर डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ और सुरक्षा कर्मियों के साथ इमरजेंसी मोड में इलाज शुरू करवा दिया।
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, प्राथमिक उपचार के साथ-साथ मरीजों की जांच, दवाइयों की व्यवस्था और भर्ती प्रक्रिया को बेहद तेजी से संचालित किया गया। वहीं एक गंभीर रूप से घायल मरीज को बेहतर इलाज हेतु रांची स्थित रिम्स अस्पताल रेफर किया गया।
बेहतर इलाज पर ह्यूमन वेलफेयर ट्रस्ट ने किया सम्मान
घायलों को तत्काल इलाज मिलने और आपातकालीन व्यवस्थाओं को सफलतापूर्वक संभालने के लिए ह्यूमन वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से अधीक्षक को बधाई दी गई।
इस मौके पर ट्रस्टी सैयद आसिफ अख्तर, अध्यक्ष मतीनुल हक अंसारी, सचिव मुख्तार आलम खान, ओल्ड ऐज होम के अध्यक्ष भास्कर कुमार, केंद्रीय शांति समिति के सदस्य मोहम्मद मोइनुद्दीन अंसारी ने अधीक्षक डॉ. बलराम झा को फूलों का गुलदस्ता देकर उनके नेतृत्व की प्रशंसा की।
डॉक्टरों, नर्सों और सुरक्षा कर्मियों को भी मिली बधाई
कार्यक्रम में अधीक्षक ने कहा कि यह उपलब्धि किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरी मेडिकल टीम की सामूहिक मेहनत का परिणाम है। उन्होंने सीनियर एवं जूनियर डॉक्टर, पीजी डॉक्टर, सिस्टर्स एवं सुरक्षा कर्मियों की भूमिका की भी सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी।
यह घटना दर्शाती है कि जब अचानक आपदा आती है, तब अस्पताल की आपात व्यवस्था और टीमवर्क ही सबसे बड़ा सहारा बनता है। टुसू मेला हादसे में MGM अस्पताल द्वारा त्वरित उपचार शुरू करना और गंभीर मरीज को समय पर रांची रेफर करना— स्वास्थ्य सेवा की तत्परता की बेहतरीन मिसाल है।










