jamshedpur: जिले में अपराध नियंत्रण अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में पुलिस ने एक कुख्यात अपराधी को अवैध हथियार के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं तथा आर्म्स एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का दावा है कि गिरफ्तार व्यक्ति लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहा है और उसके खिलाफ पूर्व में भी कई संगीन मामले दर्ज हैं।
गुप्त सूचना पर की गई कार्रवाई
पुलिस सूत्रों के अनुसार, 18 फरवरी 2026 को विशेष अभियान चलाकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि एक व्यक्ति अवैध हथियार के साथ क्षेत्र में घूम रहा है और किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घेराबंदी कर आरोपी को धर दबोचा।
तलाशी के दौरान उसके पास से एक अवैध देसी पिस्तौल, जिंदा कारतूस और अन्य संदिग्ध सामग्री बरामद की गई। पुलिस ने मौके पर ही हथियार जब्त कर लिया और आरोपी को हिरासत में लेकर थाने लाया गया। बरामद हथियार को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जा रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसका उपयोग पूर्व की किसी वारदात में तो नहीं हुआ है।
कांड संख्या 21/2026 दर्ज
इस मामले में संबंधित थाना में कांड संख्या 21/2026 दर्ज किया गया है। आरोपी पर BNS की धारा 310(4), 111(3), 111(4) सहित अन्य धाराओं तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-B)a, 25(6), 26 और 35 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इन धाराओं के तहत आरोपी को कड़ी सजा हो सकती है।
आपराधिक इतिहास खंगाल रही पुलिस
प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि आरोपी का आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ पहले भी मारपीट, फायरिंग, हत्या के प्रयास और अवैध हथियार रखने जैसे मामलों में प्राथमिकी दर्ज है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वर्ष 2018 से लेकर 2025 तक उसके खिलाफ कई आपराधिक कांड दर्ज किए जा चुके हैं। इनमें हत्या के प्रयास, दंगा, बलवा, धमकी और अन्य गंभीर धाराएं शामिल हैं।
पुलिस अब आरोपी के पुराने मामलों की फाइलें खंगाल रही है और यह भी जांच कर रही है कि हाल के दिनों में हुई किसी आपराधिक घटना में उसका हाथ तो नहीं रहा। तकनीकी साक्ष्य और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) की भी जांच की जा रही है।
फोरेंसिक और तकनीकी जांच जारी
एसपी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (फोरेंसिक साइंस लैब) की टीम को भी शामिल किया गया है। बरामद पिस्तौल की बैलिस्टिक जांच कराई जाएगी। साथ ही, आरोपी के मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की भी जांच की जा रही है ताकि उसके आपराधिक नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी के संपर्क में और कौन-कौन लोग हैं। यदि किसी गिरोह की संलिप्तता सामने आती है तो उसके अन्य सदस्यों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
अपराध के खिलाफ चल रहा विशेष अभियान
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि जिले में अवैध हथियार और अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अपराध पर अंकुश लगाने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
उन्होंने कहा, “जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखना हमारी प्राथमिकता है। अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। जो भी व्यक्ति अवैध हथियार रखेगा या आपराधिक गतिविधियों में लिप्त पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
ग्रामीणों में राहत, लेकिन चिंता भी बरकरार
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में पिछले कुछ समय से आपराधिक घटनाओं में बढ़ोतरी हो रही थी, जिससे लोग असुरक्षित महसूस कर रहे थे। हालांकि, लोगों ने पुलिस से इलाके में नियमित गश्त बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग भी की है।
हेल्पलाइन नंबर जारी
पुलिस ने नागरिकों को आपात स्थिति में निम्न हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करने की अपील की है:
- आपातकालीन डायल – 112
- महिला हेल्पलाइन – 1091
- घरेलू हिंसा हेल्पलाइन – 181
- चाइल्ड हेल्पलाइन – 1098
- साइबर क्राइम हेल्पलाइन – 1930
- एंबुलेंस सेवा – 108
आगे की कार्रवाई
फिलहाल आरोपी से गहन पूछताछ जारी है। पुलिस उसे न्यायिक हिरासत में भेजने की तैयारी कर रही है। जांच के दौरान यदि और तथ्य सामने आते हैं तो संबंधित धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं।
पुलिस का दावा है कि जिले में अपराध और अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और किसी भी असामाजिक तत्व को बख्शा नहीं जाए












