गाजियाबाद, 1 मार्च 2026 । लोनी इलाके में पूर्व मुस्लिम यूट्यूबर सलीम वास्तिक पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस हमले का मुख्य आरोपी और मास्टरमाइंड जीशान पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। पुलिस के मुताबिक जीशान पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था और वह लगातार फरार चल रहा था।
क्या है पूरा मामला
बीते 26 फरवरी को लोनी क्षेत्र में सलीम वास्तिक पर उस वक्त हमला हुआ था, जब वह अपने ऑफिस में मौजूद थे। दो बाइक सवार हमलावरों ने अचानक घुसकर उन पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर दिए। गर्दन, पेट और कान पर गंभीर चोटें आने से सलीम बुरी तरह घायल हो गए थे। इस घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी।
पुलिस जांच में सामने आया कि हमले की साजिश जीशान ने रची थी। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया कि सलीम के सोशल मीडिया वीडियो और विचारों को लेकर हमलावर नाराज थे।
एनकाउंटर कैसे हुआ
पुलिस के अनुसार रविवार देर रात लोनी इलाके में चेकिंग के दौरान जीशान को घेर लिया गया। पुलिस ने उसे आत्मसमर्पण करने को कहा, लेकिन उसने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली लगने से जीशान गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मियों को भी हल्की चोटें आई हैं। मौके से अवैध हथियार, कारतूस और एक बाइक बरामद की गई है।
पुलिस का बयान और आगे की कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जीशान इस हमले का मुख्य आरोपी था और उसके खिलाफ कई अहम सबूत मौजूद थे। उसके एक साथी की तलाश अभी जारी है और संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।
वहीं सलीम वास्तिक की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है और उनका इलाज जारी है।
सोशल मीडिया क्रिएटर्स में चिंता
इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर सक्रिय कंटेंट क्रिएटर्स और यूट्यूबर्स की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि विचारों की असहमति को हिंसा का रूप देना बेहद खतरनाक प्रवृत्ति है।
कुल मिलाकर, गाजियाबाद पुलिस के इस एनकाउंटर को हमले के मामले में बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है, जबकि प्रशासन का दावा है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्ती जारी रहेगी।













