जमशेदपुर । पुलवामा आतंकी हमले में शहीद हुए वीर जवानों की स्मृति में युवा शक्ति क्लब, बर्मामाइंस के तत्वावधान में 14 फरवरी को एक भावपूर्ण कैंडल मार्च का आयोजन किया गया। यह मार्च टाटानगर स्टेशन रोड से शुरू होकर ब्रिज होते हुए चौक तक निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में युवाओं और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया।
कैंडल मार्च के दौरान हाथों में जलती मोमबत्तियां और आंखों में शहीदों के प्रति सम्मान साफ झलक रहा था। प्रतिभागियों ने एक स्वर में संदेश दिया कि वेलेंटाइन डे के दिखावे से आगे बढ़कर देश के लिए बलिदान देने वाले शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करना ही सच्ची देशभक्ति है। कैंडल मार्च के दौरान हाथों में मोमबत्तियां लिए युवाओं और नागरिकों ने शहीद जवानों को नमन किया। जैसे-जैसे मार्च आगे बढ़ा, “भारत माता की जय” और “शहीद जवान अमर रहें” के गगनभेदी नारों से आसपास का पूरा वातावरण देशभक्ति से गूंज उठा।


“देश पहले”—युवाओं का संकल्प
कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि राष्ट्रप्रेम किसी एक दिन का भाव नहीं, बल्कि निरंतर निभाया जाने वाला दायित्व है। कैंडल मार्च में शामिल युवाओं ने आमजन से आह्वान किया कि वे देशभक्त बनें, शहीदों के बलिदान को याद रखें और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करें।
वेलेंटाइन डे नहीं, शहीदों को याद करने का आह्वान
वेलेंटाइन डे के उत्सव से अधिक जरूरी है देश के लिए बलिदान देने वाले शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करना। युवाओं ने समाज से आह्वान किया कि वे राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखें और सच्चे अर्थों में देशभक्त बनें।
भावनात्मक श्रद्धांजलि
मार्च के समापन पर शहीद जवानों को मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गई। आयोजन ने यह साबित किया कि आज का युवा वर्ग न केवल जागरूक है, बल्कि देश के लिए सोचने और खड़े होने का जज़्बा भी रखता है।
युवा शक्ति क्लब की यह पहल शहर में देशभक्ति की भावना को नई ऊर्जा देने वाली रही और शहीदों के प्रति सम्मान का सशक्त संदेश समाज तक पहुंचाया।













