जमशेदपुर, 31 अक्टूबर: देशभर में आज भारत के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इसी क्रम में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी), जमशेदपुर में भी एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें सरदार पटेल के योगदान को याद किया गया और देश की एकता, अखंडता एवं समर्पण की भावना को सशक्त करने का संकल्प लिया गया।
यह आयोजन सतर्कता जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत एनएसएस इकाई द्वारा प्रो. वीरेंद्र कुमार (सीबीओ) एवं डॉ. जयेंद्र कुमार (एनएसएस समन्वयक) के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय एकता की शपथ (Integrity Oath) से हुई, जिसमें शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने भाग लिया।
इसके बाद “रन फॉर यूनिटी” का आयोजन किया गया, जो लेक्चर हॉल कॉम्प्लेक्स से शुरू होकर संस्थान के विभिन्न परिसरों से गुजरते हुए प्रशासनिक भवन परिसर में संपन्न हुआ। यह एकता दौड़ सुबह 11 बजे से 12 बजे तक चली।
इस अवसर पर संस्थान के निदेशक प्रो. आर. वी. शर्मा, कार्यवाहक रजिस्ट्रार प्रो. सारोज कुमार सरंगी, डीन (शैक्षणिक) प्रो. एम. के. सिन्हा, प्रो. के. वी. यादव, प्रो. आर. पी. सिंह, प्रो. वीरेंद्र कुमार सहित अनेक संकाय सदस्य, अधिकारी, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन सरदार पटेल के आदर्शों को नमन करते हुए और “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” के संकल्प के साथ किया गया।
एनआईटी जमशेदपुर में आयोजित यह कार्यक्रम न केवल श्रद्धांजलि समारोह था, बल्कि यह छात्रों और युवाओं को राष्ट्रीय एकता की भावना से जोड़ने का व्यावहारिक प्रयास भी था। “रन फॉर यूनिटी” जैसी पहलें युवाओं में सहयोग, अनुशासन और देशभक्ति की चेतना को बढ़ावा देती हैं। ऐसे आयोजनों से शैक्षणिक संस्थानों की भूमिका सिर्फ शिक्षा तक सीमित नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण और नागरिक मूल्यों के प्रसार तक विस्तृत होती है — जो सरदार पटेल के सपनों के भारत की सच्ची झलक है।













